October 14, 2026

फ्रांस के सुपरमार्केट्स पर साइबर अटैक:480 से ज्यादा दुकानों के फ्रिज 50°C तक गर्म, खाना खराब हुआ, कई जगह आग लगी

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फ्रांस में सैकड़ों सुपरमार्केट्स के रेफ्रिजरेशन सिस्टम पर सोमवार को बड़ा साइबरअटैक हुआ। इससे 480 से ज्यादा दुकानों के फ्रिज और फ्रीजर का तापमान 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। फ्रांसीसी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हैकरों ने कई स्टोर्स के रेफ्रिजरेशन सिस्टम को डीफ्रॉस्टिंग मोड में डाल दिया। इससे ताजा और फ्रोजन खाना खराब हो गया। कई स्टोर्स में आग भी लग गई। फ्रांस की बड़ी रिटेल कंपनियों ने इसे अब तक का ऐसा पहला और बेहद गंभीर हमला बताया। प्रधानमंत्री ने जांच के आदेश दिए फ्रांस के प्रधानमंत्री सेबास्टियन लेकोर्नू ने नेशनल साइबरसिक्योरिटी एजेंसी ANSSI को जांच के आदेश दिए हैं। फ्रांस दूसरे यूरोपीय देशों के साथ मिलकर यह भी जांच कर रहा है कि वहां और कंपनियां प्रभावित हुई हैं या नहीं। पेरिस प्रॉसिक्यूटर ऑफिस ने इसे बड़े स्तर का हमला बताया। ऑफिस के मुताबिक, पूरे फ्रांस में कई बड़े फूड रिटेलर्स के इंटरनेट से जुड़े फ्रिजों को निशाना बनाया गया। आखिर इन फ्रिजों का तापमान कैसे बढ़ाया गया? सुपरमार्केट में फ्रिज और फ्रीजर को आमतौर पर कंट्रोल पैनल से चलाया जाता है। ये पैनल पूरे स्टोर के ठंडक वाले सिस्टम को कंट्रोल करते हैं। इंटरनेट से जुड़े होने के कारण मेंटेनेंस करने वाली कंपनियां दूर बैठकर भी इनकी सेटिंग बदल सकती हैं। अगर कोई हैकर इस सिस्टम तक पहुंचने में कामयाब हो जाए, तो वह फ्रिज और फ्रीजर की सेटिंग बदल सकता है। ऐसा करने के लिए हैकर सिस्टम की सुरक्षा में मौजूद किसी कमजोरी का फायदा उठाता है। इस तरह वह फ्रिज और फ्रीजर की ठंडक कम कर सकता है या डीफ्रॉस्टिंग शुरू कर सकता है। डीफ्रॉस्टिंग वह प्रक्रिया है, जिसमें फ्रिज या फ्रीजर में जमी बर्फ पिघलाई जाती है। डेनमार्क की कंपनी के फ्रिज कंट्रोलिंग सॉफ्टवेयर में खराबी प्रधानमंत्री कार्यालय के एक अधिकारी के मुताबिक, फ्रांस की साइबर सिक्योरिटी एजेंसी ने डेनमार्क की कंपनी डैनफॉस के सॉफ्टवेयर में एक कमजोरी की पहचान की है। इसी कंपनी के बनाए सिस्टम से सुपरमार्केट के फ्रिज और फ्रीजर कंट्रोल होते हैं। डैनफॉस ने कहा कि उसे फ्रांस में फ्रिज और फ्रीजर के सिस्टम से जुड़ी कुछ घटनाओं की जानकारी है। कंपनी के मुताबिक, इनमें सॉफ्टवेयर का पुराना वर्जन इस्तेमाल हो रहा था। कंपनी ने बताया कि वह ग्राहकों को लंबे समय से सॉफ्टवेयर अपडेट रखने और पुराने उपकरण बदलने की सलाह देती रही है। इससे पहले 9 अगस्त को साइबर सिक्योरिटी कंपनी क्लैरोटी ने डैनफॉस के सिस्टम में मौजूद कुछ कमजोरियों पर एक रिपोर्ट जारी की थी। इसमें बताया गया था कि इन कमजोरियों का फायदा उठाकर हमलावर बिना सही पहचान जांच के सिस्टम तक पहुंच सकते हैं। फ्रांस के रिटेल कारोबार से जुड़े संगठन FCD ने डैनफॉस से इस मामले में पूरी जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की है। रिटेल कंपनियां बोलीं- कई करोड़ यूरो का नुकसान अभी तक पूरे रिटेल सेक्टर को हुए नुकसान का कुल आंकड़ा सामने नहीं आया है। हालांकि, फ्रांस की रिटेल कंपनी इंटरमार्शे के CEO थिएरी कोटियार ने कहा कि इस हमले से देशभर में एक ही दिन में कई करोड़ यूरो का नुकसान हो सकता है। इंटरमार्शे ने AFP को बताया कि प्रभावित स्टोर को खराब हुए सभी ताजा और फ्रोजन प्रोडक्ट फेंकने पड़ेंगे। वहीं, दूसरी कंपनी कोऑपरेटिव यू के CEO डोमिनिक शेल्शर ने कहा कि रविवार रात से ही कंपनी के रेफ्रिजरेशन सिस्टम में दिक्कतें आ रही थीं। उन्होंने बताया कि ताजा सामान को सुरक्षित रखने और लोगों तक खाने-पीने की चीजें पहुंचाने वाले सिस्टम को निशाना बनाना बेहद गंभीर है। उन्होंने इसे अस्वीकार्य बताया और कहा कि ऐसा हमला पहले कभी नहीं हुआ। ————————- ये खबर भी पढ़ें… इजराइल ने इंडोनेशियाई पालयट के कारण विमान उतरने नहीं दिया: फ्लाइट वापस लौटी; फ्लाईदुबई हादसे के बाद 11 देशों के पायलट पर रोक लगाई इथियोपियन एयरलाइंस के एक कार्गो विमान को इजराइल में उतरने की मंजूरी नहीं मिली। इथियोपिया की राजधानी अदीस अबाबा से आए इस विमान को बीच रास्ते से वापस लौटना पड़ा। इजराइल ने यह फैसला पायलट के इंडोनेशियाई नागरिक होने के कारण लिया। पूरी खबर पढ़ें…



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